शहिदे आजम भगतसिंह का असमानता को खत्म करना ही लक्ष्य था

शहिदे आजम भगतसिंह का असमानता को खत्म करना ही लक्ष्य था

शहिदे आजम भगतसिंह का असमानता को खत्म करना ही लक्ष्य था
शहिदे आजम भगत सिंह का असमानता को खत्म करना ही लक्ष्य था
KTG समाचार लखन दास बैरागी देवास मध्य प्रदेश
देवास। शहिदे आजम भगत सिंह का सम्पूर्ण जीवन समाज के प्रत्येक तपके में असमानता को खत्म करना था। उन्होंने यह ठान रखा था कि अंग्रेजों से मुक्ति के बाद सभी को अपना हक मिलना चाहिए। महिलाओं को बराबरी का अधिकार मिल। इसके लिए निरंतर संघर्ष की जरूरत होगी, देश की आजादी में शहिदे आजम भगत सिंह का योगदान स्वर्णिम अक्षरों में अंकित है। उक्त विचार जन शिक्षण संस्थान द्वारा आयोजित के अमृत महोत्सव कार्यक्रम के तहत शहिदे आजम भगत सिंह के जयंती के अवसर पर विचार गोष्ठी में संस्थान कर्मचारियों एवं प्रशिक्षकों द्वारा ने व्यक्त किए। डॉ. मुकेश प्रसन्न निदेशक ने बताया कि इस अवसर पर भगत सिंह द्वारा युवाओं के लिए संघर्ष के रास्तों का उल्लेख किया गया और सदैव राष्ट्रप्रेम, देश भक्ति के लिए कार्य की आवश्यकता पर जोर दिया गया। कार्यक्रम में मुकेश रेकवाल ने भगतसिंह के जीवन स्मरण पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम की श्रीमती पूर्णिमा बाऊस्कर, भावना मिश्रा, सीताराम मालवीय, अतुल तिवारी, हेमंत दिक्षित आदि उपस्थित थे। कार्यक्रम का संयोजक श्री सीताराम मालवीय ने किया।